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वैद्युतरसायन – कक्षा 12 रसायन विज्ञान नोट्स, महत्वपूर्ण प्रश्न और MCQ
NCERT कक्षा 12 रसायन विज्ञान, अध्याय 2। नोट्स, मुख्य शब्द, उत्तर सहित महत्वपूर्ण प्रश्न और MCQ।
अध्याय का सार
विद्युत रसायन रासायनिक अभिक्रियाओं को विद्युत से जोड़ता है: गैल्वेनी सेल धारा बनाते हैं, विद्युत-अपघटनी सेल धारा से अभिक्रिया चलाते हैं।
सेल और विभव
- गैल्वेनी सेल: एनोड (−) पर उपचयन, कैथोड (+) पर अपचयन; E°सेल = E°कैथोड − E°एनोड।
- मानक हाइड्रोजन इलेक्ट्रोड का E° = 0 V।
- नेर्न्स्ट समीकरण: 298 K पर E = E° − (0.059/n) log Q; ΔG° = −nFE°सेल।
चालकता और विद्युत-अपघटन
- मोलर चालकता Λm = κ × 1000/M; तनुता पर बढ़ती है (सीमांत मानों हेतु कोलराउश नियम)।
- फ़ैराडे का पहला नियम: m = ZIt; 1 F = 96,500 C mol⁻¹।
- बैटरियाँ: शुष्क सेल, लेड संचायक, ईंधन सेल (H₂–O₂); संक्षारण विद्युत रासायनिक प्रक्रम है।
मुख्य शब्द
- इलेक्ट्रोड विभव
- इलेक्ट्रोड की इलेक्ट्रॉन खोने या लेने की प्रवृत्ति
- फ़ैराडे स्थिरांक
- एक मोल इलेक्ट्रॉनों का आवेश, 96,500 C
- कोलराउश नियम
- किसी वैद्युत अपघट्य की सीमांत मोलर चालकता उसके आयनों की सीमांत आयनिक चालकताओं का योग है
सूत्र
- E°सेल = E°कैथोड − E°एनोड
- ΔG° = −nFE°
- E = E° − (0.059/n) log Q
- m = ZIt
उत्तर सहित महत्वपूर्ण प्रश्न
तनुकरण पर मोलर चालकता क्यों बढ़ती है?2 अंक
तनुकरण पर आयन अधिक स्वतंत्र चलते हैं (अंतरआयनिक आकर्षण दुर्बल) और दुर्बल वैद्युत अपघट्यों में वियोजन की मात्रा बढ़ती है, अतः प्रति मोल चालकता बढ़ती है।
डेनियल सेल हेतु नर्न्स्ट समीकरण लिखिए और बताइए कि [Zn²⁺] बढ़ने पर E का क्या होता है।3 अंक
Zn + Cu²⁺ → Zn²⁺ + Cu, n = 2। 298 K पर E = E° − (0.0591/2) log([Zn²⁺]/[Cu²⁺])। [Zn²⁺] बढ़ने पर log पद बढ़ता है, अतः E घटता है।
फ़ैराडे के विद्युत अपघटन नियम लिखिए। CuSO₄ विलयन में 30 मिनट तक 2 A धारा प्रवाहित की गई। निक्षेपित ताँबे का द्रव्यमान ज्ञात कीजिए (Cu = 63.5 g/mol)। हाइड्रोजन ईंधन सेल ईंधन जलाने से बेहतर क्यों हैं, यह भी समझाइए।5 अंक
पहला नियम: निक्षेपित द्रव्यमान प्रवाहित आवेश के समानुपाती (m = ZQ)। दूसरा नियम: समान आवेश हेतु भिन्न पदार्थों के द्रव्यमान उनके तुल्यांकी भारों के समानुपाती। Q = 2 × 1800 = 3600 C। Cu²⁺ + 2e⁻ → Cu हेतु 63.5 g पर 2F = 193,000 C। m = 3600 × 63.5/193,000 ≈ 1.18 g। ईंधन सेल रासायनिक ऊर्जा को सीधे विद्युत में लगभग 60–70% दक्षता से बदलते हैं (ऊष्मा इंजनों से अधिक), और H₂–O₂ सेल केवल जल बनाता है, अतः प्रदूषण नहीं।
त्वरित पुनरावृत्ति
- एनोड: उपचयन; कैथोड: अपचयन।
- SHE विभव शून्य।
- तनुता पर मोलर चालकता बढ़ती है।
परीक्षा सुझाव
- धनात्मक E°सेल का अर्थ अभिक्रिया स्वतः है (ΔG ऋणात्मक)।
- E°सेल = E°कैथोड − E°ऐनोड (दोनों अपचयन विभव); धनात्मक E°सेल का अर्थ सेल अभिक्रिया स्वतः है।
अभ्यास MCQ
उपचयन होता है
- कैथोड पर
- एनोड पर
- लवण सेतु पर
- दोनों इलेक्ट्रोड पर
उत्तर देखें
उत्तर: (b) एनोड पर. एनोड।
1 फ़ैराडे का मान लगभग है
- 96,500 C
- 9650 C
- 1.6 × 10⁻¹⁹ C
- 6.022 × 10²³ C
उत्तर देखें
उत्तर: (a) 96,500 C. 1 मोल इलेक्ट्रॉन का आवेश।
Zn²⁺/Zn का E° = −0.76 V और Cu²⁺/Cu का +0.34 V। डेनियल सेल का E°सेल है
- 0.42 V
- 1.10 V
- −1.10 V
- 0.34 V
उत्तर देखें
उत्तर: (b) 1.10 V. 0.34 − (−0.76)।
स्वतः सेल अभिक्रिया के लिए
- ΔG > 0, E > 0
- ΔG = 0
- ΔG < 0, E < 0
- ΔG < 0, E > 0
उत्तर देखें
उत्तर: (d) ΔG < 0, E > 0. ΔG = −nFE।
Al³⁺ से 1 mol Al निक्षेपित करने हेतु आवेश है
- 1 F
- 2 F
- 3 F
- 6 F
उत्तर देखें
उत्तर: (c) 3 F. Al³⁺ + 3e⁻।
Al³⁺ से 1 मोल Al जमा करने हेतु आवेश है
- 1 F
- 2 F
- 3 F
- 6 F
उत्तर देखें
उत्तर: (c) 3 F. हर आयन पर तीन इलेक्ट्रॉन।
अपोलो मिशनों में ईंधन सेल ने प्रयोग किया
- मेथेन और ऑक्सीजन
- ज़िंक और कार्बन
- हाइड्रोजन और ऑक्सीजन
- लेड और अम्ल
उत्तर देखें
उत्तर: (c) हाइड्रोजन और ऑक्सीजन. H₂–O₂ सेल।
E°सेल = 1.1 V और n = 2 वाले सेल हेतु ΔG° लगभग है
- −212 kJ
- −106 kJ
- −53 kJ
- +212 kJ
उत्तर देखें
उत्तर: (a) −212 kJ. −nFE° = −2 × 96500 × 1.1।
सभी अध्याय: कक्षा 12 रसायन विज्ञान
यह सामग्री Kundali IQ ने पुनरावृत्ति में मदद हेतु मानक, स्थापित तथ्यों से लिखी है। यह NCERT का आधिकारिक प्रकाशन नहीं है; अपनी पाठ्यपुस्तक भी अवश्य पढ़ें।